आर्ट ऑफ लिविंग पर 120 करोड़ का जुर्माना!
आर्ट ऑफ लिविंग पर 120 करोड़ का जुर्माना!
PUBLISHED : Feb 29 , 8:01 AMBookmark and Share



नई दिल्ली। नेशनल ग्रीन ट्राइब्यूनल (एनजीटी) की विशेषज्ञ समिति ने आर्ट ऑफ लिविंग फाउंडेशन पर 100 से 120 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाने की सिफारिश की है। दरअसल, फाउंडेशन के तहत वैश्विक सांस्कृतिक कार्यक्रम के आयोजन से यमुना के फ्लडप्लेन को गम्भीर रूप से नुकसान पहुंचाए जाने की आशंका जताई गई है। इसे एनजीटी के आदेशों का उल्लंघन मानते हुए फाउंडेशन और डीडीए के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की मांग की है।

समिति की ओर से यह रिपोर्ट उस याचिका पर दायर की गई है, जिसमें आरोप लगाया गया कि आर्ट ऑफ लिविंग को अपनी 35वीं सालगिरह के जश्न के लिए जिस जगह पर 11 से 13 मार्च को कार्यक्रम के आयोजन की मंजूरी दी गई है। उसके लिए फ्लडप्लेन के करीब 25 हेक्टेयर जमीन को कॉम्पैक्ट और समतल बनाने की जरूरत पड़ेगी, जिससे फ्लडप्लेन को नुकसान पहुंचेगा। इसी की जांच के लिए गठित विशेषज्ञ समिति ने एनजीटी में अपनी रिपोर्ट दायर की है।

बड़ा क्षेत्र प्रभावित 

रिपोर्ट में कहा गया है  कि इस समय विवादित इलाका पूरी तरह कंस्ट्रक्शन मटैरियल से भरा है। कार्यक्रम से 50 से 60 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित होगा। इसमें मौजूद फ्लडप्लेन को नष्ट कर दिया गया है। यहां पर पेड़ों को नष्ट कर दिए जाने से बड़ी संख्या में मौजूद पक्षी और नेचुरल लाइफ भी बर्बाद हो जाएगी।